मेडिकल कॉलेज उरई में साइबर जागरूकता अभियान, डॉक्टरों और विद्यार्थियों को किया सतर्क

डिजिटल अरेस्ट, फर्जी कॉल और ऑनलाइन ठगी से बचाव की दी जानकारी, साइबर फ्रॉड होने पर 1930 पर करें शिकायत

संवाददाता
उरई/जालौन।

पुलिस अधीक्षक जालौन सुरेश चन्द्र रावत के निर्देशन में मंगलवार, 27 अक्टूबर को राजकीय मेडिकल कॉलेज, उरई में साइबर जागरूकता अभियान एवं गोष्ठी का आयोजन किया गया। अपर पुलिस अधीक्षक डॉ. ईशान सोनी और जनपदीय साइबर सेल की टीम ने डॉक्टरों, नर्सिंग स्टाफ तथा मेडिकल एवं नर्सिंग के छात्र-छात्राओं को बढ़ते साइबर अपराधों के प्रति जागरूक किया।

गोष्ठी में डिजिटल अरेस्ट, फेडएक्स एवं कोरियर फ्रॉड, बिजली बिल अपडेट और केवाईसी के नाम पर फर्जी कॉल व मैसेज के जरिए होने वाली ठगी से बचाव के उपाय बताए गए। साइबर टीम ने लोगों से अपील की कि वे अनजान लिंक पर क्लिक न करें और ओटीपी, सीवीवी तथा बैंक संबंधी गोपनीय जानकारी किसी के साथ साझा न करें। साथ ही सोशल मीडिया पर फर्जी प्रोफाइल, पार्ट टाइम जॉब और निवेश में अधिक मुनाफे का लालच देने वाले साइबर ठगों से सतर्क रहने की सलाह दी गई।

ठगी होने पर तुरंत करें शिकायत

साइबर अपराध का शिकार होने पर तत्काल राष्ट्रीय साइबर हेल्पलाइन नंबर 1930 या आधिकारिक वेबसाइट www.cybercrime.gov.in पर शिकायत दर्ज कराने की जानकारी दी गई। पुलिस ने बताया कि ठगी के तुरंत बाद शिकायत करने से धनराशि को रोकने या वापस दिलाने की संभावना बढ़ सकती है।

सोशल मीडिया खातों को सुरक्षित रखने के लिए मजबूत पासवर्ड और टू-फैक्टर ऑथेंटिकेशन का इस्तेमाल करने पर भी जोर दिया गया।

पुलिस टीम ने चिकित्सकों एवं विद्यार्थियों से अपील की कि वे स्वयं साइबर सुरक्षा के प्रति जागरूक रहें और अपने मरीजों, परिजनों तथा समाज के अन्य लोगों को भी जागरूक करें।

इस अवसर पर साइबर सेल प्रभारी, मेडिकल कॉलेज के प्राचार्य, फैकल्टी सदस्य, डॉक्टर, नर्सिंग स्टाफ तथा मेडिकल एवं नर्सिंग के छात्र-छात्राएं मौजूद रहे।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *