सभी विकासखंडों में पशुधन प्रसार अधिकारियों को मिली जिम्मेदारी, हर कॉल का अलग पंजिका में दर्ज होगा विवरण
संवाददाता
कानपुर देहात
कानपुर देहात। पशुपालकों को समयबद्ध और बेहतर पशु चिकित्सा सेवाएं उपलब्ध कराने के लिए पशुपालन विभाग ने मोबाइल वेटरिनरी यूनिट (एमवीयू) के सुचारु संचालन की कवायद तेज कर दी है। मुख्य पशु चिकित्सा अधिकारी डॉ. सुबोध कुमार ने जनपद के सभी विकासखंडों में पशुधन प्रसार अधिकारियों की जिम्मेदारी निर्धारित कर दी है।
विकासखंडवार अधिकारियों की जिम्मेदारी तय
निर्धारित व्यवस्था के तहत अकबरपुर, सरवनखेड़ा और मैथा की जिम्मेदारी सौरभ कुमार गुप्ता को सौंपी गई है। वहीं मलासा और अमरौधा की जिम्मेदारी देवेश कुमार यादव को दी गई है।
इसी प्रकार झींझक, रसूलाबाद और डेरापुर की जिम्मेदारी कृष्ण मोहन सिंह तथा राजपुर और संदलपुर की जिम्मेदारी शैलेन्द्र कुमार सिंह को सौंपी गई है।
हर कॉल का अलग पंजिका में दर्ज होगा विवरण
विभाग के अनुसार एमवीयू से संबंधित आने वाली प्रत्येक कॉल का विवरण अलग पंजिका में दर्ज किया जाएगा। संबंधित अधिकारी पशुपालक की समस्या को एमवीयू के पशु चिकित्सक तक पहुंचाएंगे और उसके त्वरित निस्तारण की कार्रवाई सुनिश्चित करेंगे।
की गई कार्रवाई की जानकारी नोडल अधिकारी एमवीयू डॉ. रविन्द्र कुमार के साथ-साथ मुख्य पशु चिकित्सा अधिकारी कार्यालय को भी उपलब्ध कराई जाएगी। इससे पशुपालकों की शिकायतों और चिकित्सा सेवाओं की निगरानी प्रभावी ढंग से की जा सकेगी।
घर के नजदीक मिलेगी पशु चिकित्सा सुविधा
विभाग की इस व्यवस्था का उद्देश्य ग्रामीण क्षेत्रों में रहने वाले पशुपालकों को समय पर और घर के नजदीक पशु चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराना है। अधिकारियों की जिम्मेदारी तय होने से एमवीयू से संबंधित कॉल पर त्वरित कार्रवाई होने और पशुपालकों की समस्याओं के समयबद्ध समाधान की उम्मीद है।