उरई/जालौन। जालौन जनपद में अग्निशमन सेवा सप्ताह के अंतर्गत 18 अप्रैल 2026 को मुख्य अग्निशमन अधिकारी ए०के० सिंह के निर्देशन में पेट्रोल पम्पों पर अग्नि सुरक्षा को लेकर विशेष प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किया गया।
इस दौरान अग्निशमन अधिकारी उरई एवं कोंच, कालपी, जालौन और माधौगढ़ के प्रभारी अग्निशमन केंद्रों की टीमों ने पेट्रोल पम्प कर्मचारियों को फायर एक्सटिंग्यूसर के प्रयोग और आग से बचाव के उपायों की जानकारी दी। प्रशिक्षण का उद्देश्य आपात स्थिति में त्वरित और प्रभावी कार्रवाई सुनिश्चित करना रहा।
अधिकारियों ने निर्देश दिए कि पेट्रोल पम्पों पर पर्याप्त संख्या में सूखी बालू से भरी बाल्टियां उपलब्ध रहें तथा ज्वलनशील पदार्थों की आग बुझाने के लिए उपयुक्त फायर एक्सटिंग्यूसर सदैव कार्यशील अवस्था में रखे जाएं। सभी कर्मचारियों को इनके प्रयोग का नियमित प्रशिक्षण दिया जाए और हर माह फायर ड्रिल आयोजित की जाए।
सुरक्षा के तहत यह भी बताया गया कि टैंकर से अंडरग्राउंड टैंक में पेट्रोल/डीजल भरने से पहले उचित अर्थिंग सुनिश्चित की जाए तथा ओवरफ्लो से बचाव किया जाए। पेट्रोल पम्प परिसर में स्वच्छता बनाए रखते हुए कूड़ा, सूखी घास या ज्वलनशील सामग्री को इधर-उधर न फेंका जाए।
वाहनों में ईंधन भरते समय इंजन बंद रखना अनिवार्य बताया गया तथा धूम्रपान पर पूर्ण प्रतिबंध रखने के निर्देश दिए गए। किसी भी स्थान पर पेट्रोल गिरने की स्थिति में तुरंत सूखी बालू डालकर सफाई करने को कहा गया।
अधिकारियों ने यह भी बताया कि आग लगने की स्थिति में तत्काल बिजली आपूर्ति बंद कर दी जाए, फायर सर्विस और पुलिस को सूचना दी जाए तथा आसपास की ज्वलनशील सामग्री को हटाया जाए। साथ ही, फायर ब्रिगेड के पहुंचने पर उन्हें सुगम रास्ता उपलब्ध कराया जाए और भीड़ एकत्र न होने दी जाए।
इस प्रशिक्षण कार्यक्रम के माध्यम से पेट्रोल पम्प कर्मचारियों को आपदा प्रबंधन के प्रति जागरूक करते हुए जनपद में अग्नि सुरक्षा व्यवस्था को और अधिक सुदृढ़ बनाने पर बल दिया गया।