संवाददाता, उरई/जालौन |
जनपद जालौन में प्रधानमंत्री आवास योजना-ग्रामीण के प्रभावी क्रियान्वयन एवं पात्र लाभार्थियों को समयबद्ध आवास उपलब्ध कराने के उद्देश्य से जिलाधिकारी राजेश कुमार पाण्डेय की अध्यक्षता में कलेक्ट्रेट सभागार में जिला स्तरीय निगरानी समिति की बैठक आयोजित की गई।
बैठक में योजना के अंतर्गत चल रहे कार्यों की गहन समीक्षा करते हुए जिलाधिकारी ने संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री आवास योजना-ग्रामीण सरकार की एक महत्वाकांक्षी योजना है, जिसका उद्देश्य प्रत्येक पात्र व्यक्ति को पक्का आवास उपलब्ध कराना है।
जिलाधिकारी ने सभी खंड विकास अधिकारियों को निर्देशित किया कि वर्ष 2024 में चयनित लाभार्थियों की सूची के अनुसार कार्यों में तेजी लाई जाए और लंबित आवासों को प्राथमिकता के आधार पर शीघ्र पूर्ण कराया जाए।
समीक्षा के दौरान यह पाया गया कि कुछ आवासों का निर्माण कार्य अधूरा या धीमी गति से चल रहा है। इस पर जिलाधिकारी ने नाराजगी व्यक्त करते हुए संबंधित अधिकारियों को सात दिन के भीतर प्रगति में सुधार सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
उन्होंने यह भी कहा कि जिन लाभार्थियों द्वारा आवास निर्माण में रुचि नहीं ली जा रही है, उनके स्थान पर पात्र व्यक्तियों का चयन कर नियमानुसार कार्रवाई की जाए। साथ ही जिन लाभार्थियों को धनराशि जारी की जा चुकी है, उनके निर्माण कार्य की नियमित निगरानी सुनिश्चित की जाए और धन के दुरुपयोग की स्थिति में सख्त कार्रवाई की जाए।
ग्राम पंचायत स्तर पर पारदर्शिता बनाए रखने के लिए संबंधित अधिकारियों को सक्रिय भूमिका निभाने के निर्देश दिए गए। जिलाधिकारी ने योजना की साप्ताहिक समीक्षा सुनिश्चित करने पर भी जोर दिया, ताकि कार्यों की प्रगति पर लगातार नजर रखी जा सके और किसी प्रकार की लापरवाही न हो।
बैठक में मुख्य विकास अधिकारी के.के. सिंह, परियोजना निदेशक अखिलेश तिवारी, जिला विकास अधिकारी निशांत पांडे, डीसी मनरेगा रामेंद्र सिंह, जिला अर्थ एवं संख्या अधिकारी नीरज चौधरी सहित सभी खंड विकास अधिकारी उपस्थित रहे।