संवाददाता – उरई / जालौन
उत्तर प्रदेश राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण के तत्वावधान में 14 मार्च 2026 को आयोजित होने वाली राष्ट्रीय लोक अदालत की सफलता सुनिश्चित करने के उद्देश्य से जनपद दीवानी न्यायालय सभागार में समीक्षा बैठक आयोजित की गई। यह बैठक माननीय जनपद न्यायाधीश विरजेन्द्र कुमार सिंह की अध्यक्षता में सम्पन्न हुई, जिसमें समस्त न्यायिक अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए।
बैठक के संबंध में शम्भवी (सचिव, जिला विधिक सेवा प्राधिकरण) ने जानकारी देते हुए बताया कि राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकरण तथा उत्तर प्रदेश राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण के निर्देशानुसार आयोजित इस लोक अदालत में केवल वही मामले निस्तारित किए जाएंगे जो नेशनल ज्यूडिशियल डाटा ग्रिड (एनजेडीजी) पर दर्ज हैं।
माननीय जनपद न्यायाधीश ने सभी न्यायिक अधिकारियों को निर्देश दिया कि वे अपने-अपने न्यायालयों में विचाराधीन मामलों में से उपयुक्त मामलों को चिन्हित कर संबंधित पक्षकारों को तत्काल सूचित करें और उन्हें आपसी सुलह-समझौते के माध्यम से अधिक से अधिक प्रकरणों का निस्तारण कराने के लिए प्रेरित करें।
उन्होंने 13 एवं 14 मार्च 2026 को आयोजित विशेष लोक अदालत के दौरान लघु शमनीय आपराधिक मामलों (पेटी ऑफेन्स), एनआई एक्ट से संबंधित मामलों तथा अन्य वादों को अधिक से अधिक संख्या में निस्तारित करने के लिए सभी न्यायिक मजिस्ट्रेट को आवश्यक कार्यवाही सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
इसी क्रम में संबंधित न्यायालयों के पीठासीन अधिकारियों को 14 मार्च 2026 को आयोजित होने वाली आर्बिट्रेशन मामलों की विशेष लोक अदालत में अधिकाधिक संख्या में वाद नियत कर उनके निस्तारण के लिए भी निर्देशित किया गया।
बैठक में नोडल अधिकारी/अपर जिला न्यायाधीश सतीश चन्द्र द्विवेदी, अपर जिला जज/विशेष न्यायाधीश मुहम्मद कमर, अपर जिला जज पारूल पंवार, भारतेन्द्र सिंह, सिविल जज (सी.डी.) अर्पित सिंह, सिविल जज (सी.डी.)/एफटीसी मनाली चन्द्रा, सिविल जज (जू.डि.)/न्यायिक मजिस्ट्रेट प्रत्यूश प्रकाश, न्यायिक मजिस्ट्रेट शिंजनी यादव, अपर सिविल जज (जू.डि.) अंकिता सिंह, अपर सिविल जज (जू.डि.) अनिरुद्ध सिंह, अपर सिविल जज (जू.डि.) (14वां वित्त आयोग) शैजला तथा विशेष न्यायिक मजिस्ट्रेट प्रथम सैयद अली मेहदी आबिदी सहित अन्य न्यायिक अधिकारी उपस्थित रहे।