संवाददाता
उरई/जालौन
जिलाधिकारी की अध्यक्षता में विकास भवन स्थित रानी लक्ष्मीबाई सभागार में किसान दिवस का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में जनपद के विभिन्न क्षेत्रों से आए किसानों ने अपनी समस्याएं एवं मांगें जिलाधिकारी के समक्ष रखीं, जिन पर उन्होंने त्वरित संज्ञान लेते हुए संबंधित विभागीय अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।
किसानों द्वारा नहरों के संचालन की मांग पर जिलाधिकारी ने सिंचाई विभाग को निर्देशित किया कि आज से ही नहरों का संचालन सुनिश्चित किया जाए, जिससे किसानों को सिंचाई में किसी भी प्रकार की असुविधा न हो और फसलों को समय पर पानी मिल सके।
इसके अलावा किसानों ने विद्युत आपूर्ति में लो वोल्टेज की समस्या तथा लघु सिंचाई विभाग द्वारा कराई गई बोरिंग पर विद्युत कनेक्शन न मिलने का मुद्दा उठाया। इस पर जिलाधिकारी ने विद्युत विभाग को निर्देश दिए कि किसानों को निर्बाध एवं मानक वोल्टेज की विद्युत आपूर्ति सुनिश्चित की जाए तथा लघु सिंचाई योजनाओं के अंतर्गत कराई गई बोरिंग पर शत-प्रतिशत विद्युत कनेक्शन शीघ्र प्रदान किए जाएं।
जिलाधिकारी ने किसानों से अपील की कि वे फैमिली आईडी एवं फार्मर रजिस्ट्री के लिए अधिक से अधिक पंजीकरण कराएं और अन्य किसानों को भी इसके लिए जागरूक करें। साथ ही उन्होंने निर्देश दिए कि प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना के अंतर्गत बीमित किसानों की सूची ग्राम पंचायत, विकास खंड, तहसील एवं सहकारी समितियों में अनिवार्य रूप से चस्पा की जाए।
किसान दिवस के माध्यम से किसानों की समस्याओं के त्वरित समाधान एवं कृषि हितों के प्रति प्रशासन की प्रतिबद्धता स्पष्ट दिखाई दी।
इस अवसर पर मुख्य विकास अधिकारी के.के. सिंह, उप कृषि निदेशक एस.के. उत्तम, जिला कृषि अधिकारी गौरव यादव, भारतीय किसान यूनियन के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष बलराम लंबरदार, भारतीय किसान संघ के प्रांत अध्यक्ष साहब सिंह चौहान, भाकियू के राष्ट्रीय महासचिव राजवीर सिंह जादौन, भारतीय जनता पार्टी किसान मोर्चा के अध्यक्ष सूर्य नायक सहित अन्य अधिकारी एवं किसान उपस्थित रहे।