जिला स्तरीय समिति की अध्यक्षता में सुबह 10 बजे से विकास भवन माती में दिखाई जाएगी ई-लॉटरी
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प्रेस विज्ञप्ति
कानपुर देहात। उप कृषि निदेशक ने बताया कि कृषि विभाग द्वारा संचालित प्रमोशन ऑफ एग्रीकल्चरल मैकेनाइजेशन फॉर इन-सीटू मैनेजमेंट ऑफ क्रॉप रेजिड्यू (SMAM/पराली प्रबंधन संबंधी योजना) एवं सब मिशन ऑन एग्रीकल्चरल मैकेनाइजेशन योजनाओं के अंतर्गत वित्तीय वर्ष 2026-27 में विभिन्न कृषि यंत्रों के लाभार्थियों के चयन हेतु 20 अगस्त 2026 को ई-लॉटरी आयोजित की जाएगी।
उन्होंने बताया कि जिलाधिकारी द्वारा गठित जिला स्तरीय कार्यकारी समिति की अध्यक्षता में 20 अगस्त 2026 को प्रातः 10:00 बजे से अधोहस्ताक्षरी कार्यालय, विकास भवन माती, कानपुर देहात में ई-लॉटरी प्रक्रिया संपन्न कराई जाएगी।
इन कृषि यंत्रों के लिए होगा चयन
ई-लॉटरी के माध्यम से एग्रीगेटर, कस्टम हायरिंग सेंटर, फार्म मशीनरी बैंक, कृषि ड्रोन, लेजर लैंड लेवलर, पावर ऑपरेटेड चाफ कटर, ऑयल मिल विद फिल्टर, कल्टीवेटर, रोटावेटर, थ्रेसर, मक्का शेलर, पावर टिलर, पावर वीडर, तिरपाल, ट्रैक्टर माउंटेड स्प्रेयर, पावर स्प्रेयर, ऑयल एक्सट्रैक्शन यूनिट/मिनी ऑयल मिल, मिनी राइस मिल, सुपर सीडर, जीरो टिल सीड ड्रिल, बेलिंग मशीन, बैच ड्रायर, सोलर ड्रायर, बेलर, दाल मिल, राइस ट्रांसप्लांटर, पोटैटो प्लांटर, पोटैटो डिगर, कंबाइंड हार्वेस्टर, ग्राउंडनट डिगर, मल्टीक्रॉप प्लांटर, मिलेट मिल, पैकिंग मशीन, न्यूमैटिक प्लांटर, स्ट्रॉ रीपर, सेल्फ प्रोपेल्ड रीपर कम बाइंडर, मेज शेलर, मिलेट पार्लर, मिलेट प्रसंस्करण एवं पैकिंग मशीन सहित अन्य कृषि यंत्रों के लिए लाभार्थियों का चयन किया जाएगा।
चयनित किसानों को यंत्र खरीदने की स्वतंत्रता
उप कृषि निदेशक ने बताया कि ई-लॉटरी के माध्यम से लाभार्थियों के चयन के बाद निर्धारित समयावधि के भीतर निर्धारित मानकों के अनुरूप कृषि यंत्र खरीदने की प्रक्रिया पूरी करनी होगी। चयनित लाभार्थी पंजीकृत कृषि यंत्र निर्माताओं/विक्रेताओं में से अपनी पसंद के किसी भी अधिकृत विक्रेता से कृषि यंत्र खरीद सकेंगे।
उन्होंने बताया कि खरीदे जाने वाले यंत्र की कम से कम 50 प्रतिशत धनराशि लाभार्थी स्वयं अथवा अपने रक्त संबंधी के बैंक खाते से ऑनलाइन/एनईएफटी/आरटीजीएस के माध्यम से विक्रेता फर्म को हस्तांतरित करना अनिवार्य होगा। इसके प्रमाण भी संबंधित पोर्टल पर प्रस्तुत करने होंगे।
निर्धारित समय में बिल अपलोड नहीं करने पर जब्त होगी धनराशि
उन्होंने स्पष्ट किया कि चयनित लाभार्थी द्वारा निर्धारित समयावधि में कृषि यंत्र खरीदकर उसका बिल पोर्टल पर अपलोड नहीं किया जाता है तो टोकन मनी/जमानत धनराशि जब्त कर ली जाएगी। साथ ही पोर्टल पर चयनित सूची से संबंधित लाभार्थी का नाम स्वतः हटा दिया जाएगा।
ऐसी स्थिति में प्रतीक्षा सूची में शामिल लाभार्थियों में से क्रम के अनुसार नए लाभार्थी का चयन पोर्टल द्वारा स्वतः किया जाएगा। लाभार्थी चयन एवं टोकन कन्फर्म होने की सूचना संबंधित पंजीकृत मोबाइल नंबर पर पोर्टल के माध्यम से संदेश द्वारा उपलब्ध कराई जाएगी।
उप कृषि निदेशक ने अनुदान पर कृषि यंत्र प्राप्त करने के लिए आवेदन करने वाले सभी कृषक भाइयों से अपील की है कि वे 20 अगस्त को आयोजित होने वाली पारदर्शी ई-लॉटरी प्रक्रिया में अधिक से अधिक संख्या में प्रतिभाग करें तथा योजना का लाभ उठाएं।