संवाददाता
कानपुर देहात, 15 जून 2026
रसायन-मुक्त एवं सतत कृषि को बढ़ावा देने के उद्देश्य से भारत सरकार द्वारा संचालित “खेत बचाओ अभियान, धरती माता बचाओ” एवं “विकसित कृषि संकल्प” के संयुक्त अभियान के तहत कानपुर देहात में 18 और 19 जून को ईको पार्क, माती में दो दिवसीय प्राकृतिक खेती कार्यशाला एवं कृषि गोष्ठी का आयोजन किया जाएगा।
उप कृषि निदेशक हरीशंकर भार्गव ने बताया कि जिलाधिकारी की अध्यक्षता में 18 जून को राष्ट्रीय प्राकृतिक खेती जनपद स्तरीय कार्यशाला एवं खरीफ उत्पादकता गोष्ठी/मेला-2026 तथा 19 जून को प्राकृतिक खेती तकनीकी एवं मक्का खरीफ गोष्ठी का आयोजन प्रातः 9 बजे से किया जाएगा।
उन्होंने बताया कि इस दो दिवसीय कार्यक्रम का उद्देश्य प्राकृतिक खेती की अवधारणा को जन-जन तक पहुंचाना तथा इसके पर्यावरणीय, आर्थिक और स्वास्थ्य संबंधी लाभों का व्यापक प्रचार-प्रसार करना है।
कार्यशाला में कृषि विज्ञान केंद्र एवं कृषि विश्वविद्यालयों के वैज्ञानिक एवं विशेषज्ञ प्राकृतिक खेती की आधुनिक तकनीकों, जैविक संसाधनों के उपयोग, मृदा संरक्षण और उत्पादन बढ़ाने के उपायों पर विस्तृत जानकारी देंगे। साथ ही जनपद स्तरीय अधिकारी प्रतिभागियों को विभिन्न विभागीय जनकल्याणकारी योजनाओं से भी अवगत कराएंगे।
कार्यक्रम के दौरान विभिन्न सरकारी विभागों द्वारा विशेष स्टॉल एवं प्रदर्शनी लगाई जाएगी, जहां किसानों एवं आम नागरिकों को कृषि, ग्रामीण विकास एवं अन्य जनहितकारी योजनाओं की विस्तृत एवं प्रामाणिक जानकारी उपलब्ध कराई जाएगी।
प्राकृतिक खेती के प्रति जागरूकता बढ़ाने के लिए शिक्षा विभाग की भी महत्वपूर्ण भागीदारी सुनिश्चित की गई है। जनपद के विभिन्न परिषदीय विद्यालयों के इच्छुक शिक्षकों एवं प्रधानाध्यापकों को कार्यशाला में प्रतिभाग करने के लिए नामांकित किया गया है, ताकि वे इस पर्यावरण-अनुकूल कृषि पद्धति की जानकारी प्राप्त कर नई पीढ़ी को भी प्राकृतिक खेती और पर्यावरण संरक्षण के प्रति जागरूक कर सकें।
जिला प्रशासन ने किसानों, शिक्षकों एवं आम नागरिकों से अधिक से अधिक संख्या में कार्यशाला में भाग लेकर प्राकृतिक खेती को अपनाने और टिकाऊ कृषि व्यवस्था को मजबूत बनाने में सहयोग करने की अपील की है।