पीड़ित महिलाएं सर्किट हाउस में उपस्थित होकर अपनी समस्याओं के निराकरण के लिए दे सकेंगी प्रार्थना पत्र
संवाददाता | कानपुर देहात
कानपुर देहात। महिला उत्पीड़न की रोकथाम, पीड़ित महिलाओं को त्वरित न्याय दिलाने तथा उनकी समस्याओं के प्रभावी एवं समयबद्ध निस्तारण के उद्देश्य से 25 अगस्त 2026 को कानपुर देहात में महिला जनसुनवाई कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा।
जिला प्रोबेशन अधिकारी रेनू यादव ने सर्वसाधारण को सूचित करते हुए बताया कि सदस्य सचिव, उत्तर प्रदेश राज्य महिला आयोग के पत्र के क्रम में श्रीमती अर्चना पटेल, माननीय सदस्या, उत्तर प्रदेश राज्य महिला आयोग द्वारा महिला जनसुनवाई कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा।
यह महिला जनसुनवाई कार्यक्रम दिनांक 25 अगस्त 2026 को प्रातः 11:00 बजे कानपुर देहात स्थित सर्किट हाउस के सभागार में प्रस्तावित है। कार्यक्रम के दौरान जनपद की पीड़ित महिलाएं अपनी समस्याओं एवं शिकायतों को लेकर माननीय सदस्या के समक्ष उपस्थित हो सकती हैं।
पीड़ित महिलाएं दे सकेंगी प्रार्थना पत्र
जिला प्रोबेशन अधिकारी ने बताया कि जनसुनवाई में जनपद की कोई भी पीड़ित महिला अपनी समस्या के संबंध में प्रार्थना पत्र प्रस्तुत कर सकती है। महिला उत्पीड़न, घरेलू हिंसा, दहेज उत्पीड़न, पारिवारिक विवाद, भरण-पोषण, कार्यस्थल पर उत्पीड़न अथवा महिलाओं से संबंधित अन्य समस्याओं के मामलों में पीड़ित महिलाएं अपनी शिकायत दर्ज करा सकती हैं।
महिला जनसुनवाई का उद्देश्य पीड़ित महिलाओं को अपनी समस्याएं सीधे संबंधित अधिकारी के समक्ष रखने का अवसर प्रदान करना तथा उन्हें न्याय दिलाने की दिशा में आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित करना है।
समय एवं स्थान
- दिनांक: 25 अगस्त 2026
- समय: प्रातः 11:00 बजे
- स्थान: सर्किट हाउस सभागार, जनपद कानपुर देहात
- आयोजक/अध्यक्षता: श्रीमती अर्चना पटेल, माननीय सदस्या, उत्तर प्रदेश राज्य महिला आयोग
जिला प्रोबेशन अधिकारी रेनू यादव ने जनपद की पीड़ित महिलाओं से अपील की है कि जिन महिलाओं को किसी प्रकार की समस्या अथवा उत्पीड़न का सामना करना पड़ रहा है, वे निर्धारित तिथि एवं समय पर सर्किट हाउस के सभागार में उपस्थित होकर अपनी शिकायत एवं प्रार्थना पत्र प्रस्तुत कर सकती हैं।
उन्होंने कहा कि महिला जनसुनवाई के माध्यम से महिलाओं को अपनी समस्याओं के निराकरण के लिए एक प्रभावी मंच उपलब्ध कराया जा रहा है। संबंधित विभागों के अधिकारियों के समन्वय से शिकायतों पर नियमानुसार आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित कराने का प्रयास किया जाएगा।
जिला प्रशासन एवं संबंधित विभाग द्वारा महिलाओं को उनके अधिकारों के प्रति जागरूक करने तथा उन्हें सुरक्षित एवं सम्मानजनक वातावरण उपलब्ध कराने की दिशा में लगातार प्रयास किए जा रहे हैं।