एसपी श्रद्धा नरेन्द्र पाण्डेय ने महापुरुषों के आदर्शों को आत्मसात करने का किया आह्वान, पदक से सम्मानित पुलिसकर्मी भी हुए सम्मानित
संवाददाता
कानपुर देहात
कानपुर देहात। राष्ट्रपिता महात्मा गांधी एवं पूर्व प्रधानमंत्री स्वर्गीय लाल बहादुर शास्त्री की जयंती पर शुक्रवार को पुलिस लाइन कानपुर देहात में श्रद्धांजलि कार्यक्रम आयोजित किया गया। पुलिस अधीक्षक श्रद्धा नरेन्द्र पाण्डेय ने दोनों महापुरुषों के चित्रों पर माल्यार्पण कर श्रद्धासुमन अर्पित किए। इस दौरान उनके जीवन, आदर्शों एवं राष्ट्र के प्रति योगदान को स्मरण किया गया।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए एसपी श्रद्धा नरेन्द्र पाण्डेय ने कहा कि महात्मा गांधी ने सत्य, अहिंसा और सत्याग्रह के सिद्धांतों के माध्यम से स्वतंत्रता संग्राम को नई दिशा दी तथा विश्व को शांति और अहिंसा का संदेश दिया। वहीं, लाल बहादुर शास्त्री ने सादगी, ईमानदारी, कर्तव्यनिष्ठा और राष्ट्रसेवा की मिसाल पेश करते हुए देश को ‘जय जवान, जय किसान’ का प्रेरणादायी मंत्र दिया।
एसपी ने पुलिस अधिकारियों एवं कर्मचारियों से दोनों महापुरुषों के आदर्शों को अपने आचरण और कार्यशैली में अपनाने का आह्वान किया। उन्होंने सत्यनिष्ठा, अनुशासन, कर्तव्यपरायणता एवं सेवाभाव के साथ कानून-व्यवस्था और जनसेवा में पूरी निष्ठा से कार्य करने के लिए प्रेरित किया।
एकता, अखंडता और अहिंसा की दिलाई शपथ
इस दौरान पुलिस अधिकारियों एवं कर्मचारियों को राष्ट्र की एकता एवं अखंडता बनाए रखने, अहिंसा के सिद्धांतों का पालन करने तथा विवादों का शांतिपूर्ण एवं संवैधानिक तरीके से समाधान करने की शपथ दिलाई गई। कार्यक्रम में पुलिसकर्मियों ने राष्ट्रसेवा और अपने दायित्वों का पूरी निष्ठा से निर्वहन करने का संकल्प लिया।
उत्कृष्ट सेवा पदक से सम्मानित पुलिसकर्मी हुए सम्मानित
कार्यक्रम में गृह मंत्रालय, भारत सरकार द्वारा प्रदान किए गए ‘अति उत्कृष्ट सेवा पदक’ एवं ‘उत्कृष्ट सेवा पदक’ से सम्मानित पुलिस अधिकारियों एवं कर्मचारियों को एसपी श्रद्धा नरेन्द्र पाण्डेय ने उनकी वर्दी पर पदक लगाकर सम्मानित किया। उन्होंने सम्मानित पुलिसकर्मियों को उनकी उत्कृष्ट एवं सराहनीय सेवाओं के लिए शुभकामनाएं दीं।
इसके बाद पुलिस विभाग में कार्यरत चतुर्थ श्रेणी कर्मचारियों को उपहार देकर सम्मानित किया गया। वहीं, उपस्थित पुलिस अधिकारियों एवं कर्मचारियों को मिष्ठान वितरित किया गया। कार्यक्रम के अंत में सभी ने गांधी और शास्त्री के आदर्शों पर चलते हुए राष्ट्रसेवा एवं अपने दायित्वों का पूरी निष्ठा से निर्वहन करने का संकल्प लिया।