संवाददाता | लखनऊ
लखनऊ। गोमती नदी पर बने ऐतिहासिक पक्का पुल के चौथे खंभे पर डेक का निर्माण कार्य शुरू कर दिया गया है। इससे पुल के पुनर्निर्माण कार्य में तेजी आने की उम्मीद है। निर्माण एजेंसी और संबंधित विभाग लगातार युद्धस्तर पर काम कर रहे हैं ताकि परियोजना समय पर पूरी हो सके।
अधिकारियों के अनुसार, पुल का निर्माण कार्य चरणबद्ध तरीके से किया जा रहा है। पहले तीन खंभों पर आवश्यक कार्य पूरा होने के बाद अब चौथे खंभे पर डेक डालने की प्रक्रिया शुरू की गई है। इसके साथ ही अन्य हिस्सों में भी मरम्मत और मजबूती का कार्य जारी है।
जानकारी के मुताबिक, ऐतिहासिक महत्व रखने वाले इस पुल का निर्माण वर्ष 1914 में हुआ था। लगभग 100 मीटर लंबे इस पुल में कुल 10 मेहराब हैं, जिनका संरक्षण करते हुए आधुनिक तकनीक से मरम्मत की जा रही है। परियोजना के तहत पुल की संरचना को मजबूत बनाने के साथ इसकी मूल ऐतिहासिक पहचान भी सुरक्षित रखी जा रही है।
निर्माण कार्य के लिए लगभग 57 हजार वर्ग फीट डेक तैयार किया जाना है, जिसमें अब तक करीब 40 हजार वर्ग फीट कार्य पूरा हो चुका है। परियोजना पर लगभग 92 करोड़ रुपये की लागत आ रही है और इसे निर्धारित समय सीमा में पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है।
विभागीय अधिकारियों ने बताया कि वर्ष 2025 में पुल निर्माण का नया चरण शुरू किया गया था, जबकि वर्ष 2026 में कार्य में और तेजी लाई गई। अब चौथे खंभे पर डेक का काम शुरू होने से परियोजना की गति और बढ़ गई है।
पुल के निर्माण के दौरान यातायात व्यवस्था को सुचारु बनाए रखने के लिए वैकल्पिक मार्गों की व्यवस्था भी की गई है। अधिकारियों का कहना है कि कार्य पूरा होने के बाद यह पुल पहले से अधिक सुरक्षित, मजबूत और आधुनिक सुविधाओं से युक्त होगा, जिससे हजारों लोगों को आवागमन में सुविधा मिलेगी।
स्थानीय नागरिकों ने भी निर्माण कार्य में आई तेजी पर संतोष व्यक्त करते हुए उम्मीद जताई है कि पक्का पुल का निर्माण जल्द पूरा होगा और शहर को एक सुरक्षित एवं बेहतर यातायात सुविधा प्राप्त होगी।