लाभार्थियों को प्रमाण पत्र वितरित, आत्मनिर्भरता की दिशा में बढ़ा कदम
संवाददाता – उरई/जालौन
दैवोलिया रिसोर्ट संस्कार पैलेस में विश्वकर्मा श्रम सम्मान योजना के अंतर्गत आयोजित दस दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम का समापन समारोह भव्य रूप से सम्पन्न हुआ। कार्यक्रम का उद्देश्य पारंपरिक कारीगरों एवं श्रमिकों को कौशल उन्नयन के माध्यम से आत्मनिर्भर बनाना रहा।
समापन समारोह में यू.पी.आई.डी. की अध्यक्ष क्षिप्रा शुक्ला, सदर विधायक गौरीशंकर वर्मा, भारतीय जनता पार्टी की जिला अध्यक्ष उर्विजा दीक्षित तथा उपायुक्त उद्योग प्रभात यादव प्रमुख रूप से उपस्थित रहे।
अतिथियों ने प्रशिक्षण पूर्ण कर चुके लाभार्थियों को प्रमाण पत्र वितरित किए और उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की। इस अवसर पर सदर विधायक ने कहा कि विश्वकर्मा श्रम सम्मान योजना पारंपरिक शिल्पकारों, कारीगरों एवं लघु उद्यमियों को सशक्त बनाने की दिशा में सरकार की एक महत्वपूर्ण पहल है, जिससे रोजगार एवं स्वरोजगार के नए अवसर सृजित हो रहे हैं।
उपायुक्त उद्योग ने योजना के उद्देश्यों और लाभों की जानकारी देते हुए बताया कि प्रशिक्षण के माध्यम से लाभार्थियों को तकनीकी दक्षता, व्यवसायिक समझ और आत्मनिर्भर बनने के लिए प्रेरित किया जा रहा है, जिससे वे अपने हुनर को आजीविका में परिवर्तित कर सकें।
कार्यक्रम में योजना के अंतर्गत संचालित विभिन्न ट्रेड्स के लाभार्थी उपस्थित रहे। समापन अवसर पर लाभार्थियों ने अपने प्रशिक्षण अनुभव साझा करते हुए शासन की इस योजना को आत्मनिर्भर भारत की दिशा में प्रभावी कदम बताया और आभार व्यक्त किया।