केंद्र व राज्य सरकार की योजनाओं का सत्यापन, विकास कार्यों में लापरवाही पर सख़्त निर्देश
संवाददाता
उरई/जालौन
जिलाधिकारी राजेश कुमार पाण्डेय ने ग्राम रेवा का भ्रमण कर केंद्र एवं उत्तर प्रदेश सरकार की विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं के क्रियान्वयन का स्थलीय सत्यापन किया तथा ग्रामवासियों से सीधे संवाद कर योजनाओं के लाभ मिलने संबंधी फीडबैक प्राप्त किया।
निरीक्षण के दौरान प्रधानमंत्री आवास योजना, मुख्यमंत्री आवास योजना, स्वच्छ भारत मिशन, पेंशन योजनाएं, राशन वितरण, आयुष्मान भारत योजना सहित अन्य जनकल्याणकारी योजनाओं की स्थिति की समीक्षा की गई। ग्रामवासियों ने योजनाओं से जुड़ी समस्याएं एवं सुझाव जिलाधिकारी के समक्ष रखे।
निरीक्षण में यह पाया गया कि ग्राम के भीतर सड़कों के किनारे नालियों का निर्माण न होने से जल निकासी की समुचित व्यवस्था नहीं है, जिससे सड़कों पर पानी फैला हुआ है और ग्रामीणों को आवागमन में कठिनाई हो रही है। ग्रामीणों ने यह भी अवगत कराया कि ग्राम पंचायत स्तर पर विकास कार्य अपेक्षित रूप से नहीं कराए जा रहे हैं।
विकास कार्यों में रुचि न लेने पर जिलाधिकारी ने ग्राम प्रधान के प्रति नाराज़गी व्यक्त करते हुए नियमानुसार पद से हटाने की कार्रवाई एवं कारण बताओ नोटिस जारी करने के निर्देश दिए। उन्होंने स्पष्ट किया कि शासन की मंशा के अनुरूप ग्राम पंचायतों में सभी मूलभूत सुविधाओं का समयबद्ध विकास अनिवार्य है।
इसके अतिरिक्त ग्राम पंचायत सचिव को 15 दिवस के भीतर जल निकासी व्यवस्था, साफ-सफाई एवं अन्य मूलभूत सुविधाओं में सुधार सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए। जिलाधिकारी ने कहा कि केंद्र एवं राज्य सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाना प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है और इसमें किसी भी स्तर पर लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी।
जिलाधिकारी ने संबंधित अधिकारियों को ग्राम में नियमित भ्रमण, सतत निगरानी एवं जनसंवाद बढ़ाने के निर्देश देते हुए योजनाओं का लाभ पारदर्शिता एवं गुणवत्ता के साथ सुनिश्चित करने को कहा।
इस अवसर पर मुख्य विकास अधिकारी के.के. सिंह, मुख्य पशु चिकित्सा अधिकारी मनोज अवस्थी, जिला पंचायत राज अधिकारी राम अयोध्या प्रसाद, ग्राम पंचायत सचिव, ग्राम प्रधान प्रतिनिधि सहित संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे।